रात है,हाँ ये रात है,-२
इसमे कोई, बात है,
जो दिखती नही, पर है
कही ये कैसी रात है
रात है .......
राज की ये, बात है, कातिल है हर कोई यहाँ
हर कोई शिकार है, नाम केसब दोस्त है,
दुश्मनी सब में यार है
जाने ये, कैसी बात है
इस बात में कोई, राज है
रात है......
अँधेरी है, काली है,
बड़ी भयानक रात है
तारों का है, शमा कातिल बड़ी ये रात है,
रात है .....
सचिन
Thursday, June 19, 2008
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment